DNN कुल्लू
17 दिसम्बर। अतिरिक्त जिला दण्डाधिकारी एस.के. पराशर ने बैंकोें से कहा कि सामाजिक व आर्थिक उत्थान से जुड़ी योजनाओं में ऋण प्रक्रिया को सरल व उदार बनाएं ताकि अधिक से अधिक लोग लाभान्वित हो सके। वह जिला स्तरीय सलाहकार एवं समन्वय समीक्षा समिति की बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे। उन्होंने कृषि क्षेत्र में अधिक से अधिक ऋण सुविधा प्रदान करने पर भी बल दिया।
बैठक में अवगत करवाया गया कि जिला में 21 बैंको की 129 शाखाएं और इनके समर्थन में 125 एटीएम कार्य कर रहे हैं। जिला में बैंकिग जमा राशि में 437 करोड़ जबकि अग्रिम में 224.67 करोड़ की बढ़ौतरी हुई है। सितम्बर 2020 तक कुल जमा 7274 करोड जबकि अग्रिम 2986 करोड़ रिकार्ड किया गया है। प्राथमिकता वाले क्षेत्रों में बैंको का बकाया गत सितम्बर अंत तक 2174 करोड़ जबकि गैर प्राथमिकता वाले क्षेत्रों में यह बकाया 811.62 करोड़ का है। विभिन्न बैंकों द्वारा प्राथमिकता वाले क्षेत्रों में कृषि ऋण 959 करोड़, लघु व मध्यम उद्योग में 784 करोड़, आवास में 331 करोड़ तथा शिक्षा क्षेत्र में 22 करोड़ के ऋण प्रदान किए गए हैं।
वर्तमान में जमा-ऋण अनुपात 41.04 प्रतिशत है जो सितम्बर 2019 में 40.38 प्रतिशत था। राष्ट्रीय मानक 60 प्रतिशत है। एडीएम ने बैंकों को सीडी अनुपात में सुधार लाने के लिए अतिरिक्त प्रयास करने की आवश्यकता पर बल दिया।
अतिरिक्त जिला दण्डाधिकारी ने कहा कि मुख्यमंत्री स्वावलंबन योजना के लिए प्रायोजित मामलों में तुरंत से अभ्यर्थियों को ऋण प्रदान किया जाना चाहिए। कुछ मामलों में प्रक्रिया जटिल होने के कारण युवा इसका लाभ प्राप्त करने से वंचित रह जाते हैं। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री सवाबलंबन योजना पढ़े-लिखे युवाओं के लिए वरदान साबित हो रही है। अनेकों युवाओं ने अपने उद्यम आरंभ करके न केवल अपनी आर्थिकी में इजाफा करने में सफल हुए हैं, बल्कि दूसरों के लिए रोजगार प्रदाता भी बन रहे हैं।
पंजाब नेशनल अग्रणी बैंक के मुख्य प्रबंधक पामा छेरिंग ने अवगत करवाया कि सभी किसान क्रेडिट कार्ड खाता धारकों के लिए रूपे कार्ड जारी करना अनिवार्य है। सभी बैंक शाखाओं को पात्र केसीसी खाता धारकों को रूपे कार्ड जारी करने के निर्देश दिए गए हैं। कुल 30379 खाता धारकों में से 26318 को रूपे कार्ड जारी कर दिये गए है। शेष को ये कार्ड जल्द जारी करने के लिए बैंकों को कहा गया है।
पामा छेरिंग ने बताया कि राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत जिला के 380 स्वयं सहायता समूहों के लिए 343.05 लाख रुपये के ऋण प्रदान करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है जिसमें से अभी तक 72.86 लाख रुपये के ऋण ही प्रदान किए जा सके हैं। एडीएम ने प्रायोजित प्राधिकारियों को इन मामलों में स्वीकृतियां जारी करने को कहा ताकि बैंक पात्र स्वयं सहायता समूहों को अपने उद्यम अथवा काम-धंधा आरंभ करने के लिए ऋण प्रदान किए जा सके। बुनकर मुद्रा योजना में बैंकों ने दो खातों में दो लाख रुपये की राशि स्वीकृत की है।
पामा छेरिंग ने जानकारी दी कि प्रधानमंत्री मुद्रा बैंक व ऋण योजना के तहत 5418 खातों में कुल 12212 लाख रूपये का बकाया है। इनमें शिशु के तहत 1457 खातों में 633 लाख रुपये, किशोरी के 3139 खातों में 6251.11 लाख तथार तरूण के तहत 822 खातों में 5328 लाख रुपये बकाया है। प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना के तहत 18 से 70 साल आयु के सभी खाता धारकों के लिए दुर्घटना से मृत्यु एवं अपंगता पर दो लाख रुपये का वीमा कवर प्रदान किया जा रहा है। योजना के तहत 85138 खातों का पंजीकरण किया गया है। इसी प्रकार, प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना के तहत 23451 बैंक खातों को जोड़ा गया है। अटल पेंशन योजना के तहत 7607 खाताधारकों को शािमल किया गया है।
पामा छेरिंग ने कहा कि किसानों की आय को 2022 तक दोगुणा करने का केन्द्र सरकार ने लक्ष्य निर्धारित किया है। उत्पादन व आय सृजन गतिविधियां बढ़ाने के लिए अनेक योजनाएं कार्यान्वित की गई हैं। इस दिशा में वाणिज्यिक बैंकों की महत्वपूर्ण भूमिका है। बैकों को अपना योगदान करने के लिए अग्रसक्रिय भूमिका का निर्वहन करने का दायित्व है।
बैठक में महाप्रबंधक जिला उद्योग केन्द्र छिमे अंगमो, मुख्य प्रबंधक दावा ज्ञालों सहित समस्त बैंकों में प्रबंधक व विभिन्न विभागों के अधिकारी बैठक में उपस्थित रहे।















