DNN अर्की (राजन)
अर्की पुलिस थाने के तहत 13 जुलाई को एक प्रवासी मजदूर की अधजला शव बरामद हुआ था। इस घटना को अंजाम देकर फरार हुए मुख्य आरोपी को पुलिस ने हरियाणा के सोनीपत से धर दबोचा है। साथ ही उसका साथ देने वाले दो लोगों को भी पुलिस ने हिरासत में लिया है। इस घटना में शामिल एक अन्य आरोपी को पुलिस ने घटना वाले दिन ही हिरासत में ले लिया था। अब पुलिस इससे पूछताछ कर हत्या की असल वजह जाने का प्रयास करने में जुटी है।
पुलिस ने मुख्य आरोपी दीप नारायण को पकड़ने के लिए एक टीम का गठन किया । जिसमें पुलिस स्टेशन अर्की के एच सी परमेश राठोर, रमेश एचएचसी रमेश, कांस्टेबल घनश्याम व पवन मोजूद थे। यह टीम 14 जुलाई से लगातार फोन सर्विलांस के आधार पर हर उस ठिकाने पर दबिश दे रही थी जहाँ मुख्य आरोपी दीप नारायण के छिपे होने की संभावना थी। इस दौरान टीम ने बद्दी में उसके दोस्त जितेंद्र के कमरे में दबिश दी तो मकान मालिक से पता चला कि दो दिन से जितेंद्र व उसका दोस्त कमरे में ही थे। लेकिन टीम के पहुचने से पहले ही फरार हो गए। इसके बाद पुलिस ने जितेंद्र का फोन की लोकेशन ट्रेस की और उरलाना क्लां जिला सोनीपत हरियाणा में दबिश दी। पुलिस टीम ने बिना मौका गंवाए उरलाना कलां सोनीपत से दीप नारायण को उसके दोस्त जितेंद्र ओर सतेंद्र को भी हिरासत में लिया। आज टोनों को लेकर टीम अर्की पहुच गई है।
DSP प्रताप सिंह ने मामले की पुष्टि करते हुए कहा कि प्राथमिक पूछताछ के दौरान दीप नारायण ने बताया कि 14 जुलाई को सुबह वह शव को देखने गया था कि वह जला है या नही, परन्तु अधजले शव देखकर वह अर्की से बस द्वारा कुनिहार होते हुए अपने दोस्त जितेंद्र के पास पहुंच गया। इसके पश्चात वह से भी दोनों हरियाणा के लिए फरार हो गए। जिनको पुलिस ने अब हिरासत में लेकर पुछताछ की जा रही है।पुलिस की जांच के बाद ही असल वजह सामने आएगी और मालूम पड़ेगा कि इस घटना में और कौन लोग शामिल थे।















