DNN बिलासपुर
2 फरवरी। मुख्य चिकित्सा अधिकारी बिलासपुर डाॅ0 प्रकाश दडोच ने बताया कि देश में पहले चरण में कोविड वैक्सीन स्वास्थ्य कर्मियों को लगाई जा रही है और अब तक देश में 40 लाख से ज्यादा लोगों ने यह वैक्सीन लगाई जा चुकी है। जिला में अब तक 1412 अधिकारियों व कर्मचारियों का टीकाकरण किया जा चुका है। उन्होंने कहा कि इस वैक्सीन को लेकर लोगों को कतई भी संदेह नहीं करना चाहिए यह पूरी तरह सुरक्षित है।
उन्होंने बताया कि जिला में 1 फरवरी को आर0एच0 बिलासपुर, नागरिक अस्पताल घुमारवीं तथा प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र कलोल में स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों व कर्मचारियों का टीकाकरण किया गया। उन्होंने बताया कि 16 जनवरी से लेकर अब तक 1412 अधिकारियों व कर्मचारियों का टीकाकरण किया गया है। किसी को भी टीका लगाने से कोई प्रतिकूल प्रभाव नहीं हुआ। उन्होंने बताया कि टीकाकरण के बाद मामूली बुखार या कमजोरी, दिल घबराना या उल्टी जैसे प्रतिकुल प्रभाव हो सकते हैं जो सब देखरेख में है, इसलिए टीका लगाने के बाद आधा घंटा निगरानी में रखते हैं, घर जाने से पहले मरीज को एक हैल्पलाइन नंबर भी दिया जाता है कुछ भी होने पर वैक्सीन लगवाने वाले को वहां से मदद मिल जाती है। उन्होंने बताया कि वैक्सीन की एक डोज लगवाने के बाद 28 दिन के बाद दूसरी डोज लगवाई जाती है और उसके बाद 15 दिन शरीर रोग प्रतिरोधक क्षमता बनाने में लगा देता है, दोनों टीके लगाने के 15 दिनों के बाद शरीर पर कोरोना वायरस का प्रभाव नहीं होगा या बेहद कम होगा, लेकिन मास्क व शारीरिक दूरी के नियमों का पालन जरुर करे।
उन्होंने बताया कि अभी गर्भवती महिलाओं, स्तनपान करवाने वाली माताओं, जो हाल ही में पाॅजिटिव आए हों, घर या अस्पताल में बैड रिडन लोगों को यह वैक्सीन नहीं लगवानी चाहिए। उन्होंने बताया कि कोई दिक्कत हो व वैक्सीन को लेकर कोई जानकारी लेनी हो तो स्वास्थ्य विभाग से सम्पर्क करें। उन्होंने बताया कि कोविड-19 का टीका बिलकुल सुरक्षित है प्रमाणित है किसी प्रकार की गलत अफवाहों व भ्रांतियों पर भरोसा न करें।
उन्होंने आम जनता से भी अपील की है कि ये टीके चरणबद्ध तरीके से सभी को लगाए जाएंगे। पहले चरण के पूर्ण होने के तुरन्त बाद दूसरा चरण शुरु कर दिया जाएगा। स्वास्थ्य विभाग व प्रदेश सरकार कोरोना से मुक्ति दिलाने के लिए हर सम्भव प्रयास कर रही है।















