DNN सोलन
शिक्षा की दयनीय स्थिति इस स्तर पर पहुंच गई है कि लोगो के सब्र का बांध टूट चुका है । इसी कडी में 12 जुलाई मंगलवार को जिला सोलन में अभिभावकों ने आवाज उठाई। यहां अभिभावकों ने अभिभावक संघ सोलन का संगठन कर उपायुक्त को ज्ञापन सौंपा, जिसमें राजकीय केंद्र प्राथमिक पाठशाला सलोगड़ा के भवन की खस्ता हालत के बारे में बताया गया। इस ज्ञापन के माध्यम से अभिभावक संघ ने उनके बच्चों के साथ हो रहे शिक्षा के मूल अधिकार के साथ खिलवाड़ की ओर ध्यान खींचा। जिसमें लिखा है कि प्रशासन ने पिछले दो वर्षों से भवन निर्माण का जो आश्वासन दिया था वह अब तक पूरा नही हुआ। दरअसल सलोगडा का यह जर्रजर भवन 2 वर्ष पूर्व फोर लाइन की जद में आ गया था जिसमें नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया ने आश्वासन दिया था कि भवन का पुनर्निर्माण होगा लेकिन विभाग में अब तक इस पर कोई अमल नहीं किया है । इसके बाद बच्चों को सामने वाले दूसरे स्कूल में स्थानांतरण कर दिया गया था,जहां आलम यह है कि चारों ओर गन्दगी पसरी रहती है, जिसमें बच्चे ऐसे तैसे पढते हैं।
सलोगडा के विद्यालय में बच्चों के लिए जो कमरे दिए गये थे उन्हें प्रशासन अब खाली करने का आग्रह कर रहा है, जो कि बड़ी दुर्भाग्य की बात है। शिक्षा के लिए यह बच्चे दर-दर अब तक इस कदर भटक रहे हैं कि शासन प्रशासन से लेकर कोई भी अधिकारी इनकी सुध लेने वाला नहीं है।















