DNN सोलन ब्यूरो
06 मई। कोरोना के बढ़ते प्रकोप के कारण एचआरटीसी की बसें भी घाटे में चल रही हैं। सवारियां न मिल पाने के कारण प्रदेश से बाहर लांगरूट पर चलने वाली 08 बसें बंद कर दी गई हैं। चंडीगढ़ के लिए सोलन डिपो की केवल 01 बस चल रही है, जो शिमला से चंडीगढ़ जाती है। यही नहीं कोरोना के कारण बढ़ती बंदिशों से लोकल रूट भी प्रभावित हुए हैं। कथेड़ बाईपास को चलने वाली मुद्रिका बस बंद कर दी गई है व अन्य रूटों पर भी कम सवारियों के कारण घाटा झेलना पड़ रहा है।
सोलन शहर में अभी तक एचआरटीसी की 02 मुद्रिका बसें चल रही थी, जो लोगों को शहर के विभिन्न हिस्सों तक पहुंचाती थी। इससे आसपास के क्षेत्रों से लोगों को शहर के विभिन्न हिस्सों में पहुंचने के लिए काफी सहूलियत मिल रही थी। यहां कथेड़ बाईपास पर चलने वाली मुद्रिका बस को सवारियां बहुत कम होने के कारण वीरवार को बंद कर दिया गया है। इसके अलावा अब शहर में केवल एक ही मुद्रिका बस रह गई है, जो शमलेच रूट पर चल रही है। एचआरटीसी ने निजी बसों की हड़ताल के चलते करीब 18 से 20 रूटों पर अतिरिक्त बसें भी चलाई हैं, लेकिन कुल मिलाकर सवारियां कम होने के कारण बसें चलाकर भी घाटा ही हो रहा है।
इससे पहले एचआरटीसी सोलन डिपो की शिमला से दिल्ली चलने वाली 03 बसें, बाघा से दिल्ली 01 बसों को दिल्ली में लॉकडाउन के चलते बंद कर दिया था। अमृतसर, होशियारपुर व लुधियाना के लिए जाने वाली बसों में सवारियां कम होने के चलते इन्हें चंडीगढ़ तक चलाया जा रहा था, लेकिन अब इन्हें भी बंद कर दिया गया है। इसके अलावा 01 दिन पहले ही सोलन से चंडीगढ़ जाने वाली बस को भी बंद कर दिया गया है। अब चंडीगढ़ को सोलन डिपो की केवल 01 ही बस चल रही है, जो शिमला से आती है। इस रूट पर डिमांड आने पर ही बस चलाई जाएगी।
एचआरटीसी की 1 मुद्रिका बस को बंद कर दिया गया है अब 1 मुद्रिका बस शहर में चल रही है। प्रदेश के सभी लांगरूट चल रहे हैं, जबकि बाहरी राज्यों को जाने वाली 8 बसें सवारियां न मिलने के कारण बंद करनी पड़ी हैं। कोविड की बंदिशों के कारण बसों को सवारियां नहीं मिल पा रही हैं और घाटे में बसें चलानी पड़ रही है।
– शुगल सिंह,
क्षेत्रीय प्रबंधक, एचआरटीसी, सोलन।















