HIMACHAL में पहला ब्लैक फंगस का मामला सामने आया

Others Shimla

DNN शिमला

हिमाचल प्रदेश में पहला ब्लैक फंगस का मामला सामने आया हैं। एक महिला में ब्लैक फंगस का मामला सामने आया हैं, जोकि हमीरपुर जिला के खागर क्षेत्र की रहने वाली है । इस महिला को मंडी जिला के नेर चौक मेडिकल कॉलेज से आज शिमला आईजीएमसी अस्पताल रैफर किया गया । यह महिला चार मई को कोरोना संक्रमित पाई गई और इन्हें शुगर तथा ब्लेड प्रेशर की भी दिक्कत है । 8 मई को सांस लेने में अधिक दिक्कत के चलते इन्हें हमीरपुर ज़ोनल अस्पताल से मंडी नेर चौक मेडिकल कॉलेज रैफर किया गया । वही उप मुख्य चिकित्सक राहुल गुप्ता ने कहा कि आज हमीरपुर जिला से एक महिला जोकि कोरोना संक्रमित भी है तथा जिसकी आयु 35 वर्ष से 40 वर्ष के बीच की है तथा इस महिला को आज ही मंडी जिला के नेरचौक से शिमला आईजीएमसी अस्पताल रैफर किया गया है । प्रारंभिक जांच में यह निकल कर सामने आया है कि इस महिला की दृष्टि भी थोड़ी कमजोर हुई है तथा महिला के नाक से ब्लैक फंगस जैसा पदार्थ निकल रहा है हालांकि अभी स्वास्थ्य जांच महिला की चल रही है तत्पश्चात विशेषज्ञों के विचार विमर्श के बाद ही अंतिम फैसला लिया जाएगा वही महिला की हालत भी फिलहाल स्थिर बताई जा रही है महिला को शुगर तथा बीपी की भी दिक्कत है । राहुल गुप्ता ने कहा कि ब्लैक फंगस बीमारी काफी घातक होती है । ब्लैक फंगस को सांटिफिकली मिकोरमाइकोसिस बोलते है ।

यह उन लोगों में बीमारी पनपती है जिनके इम्यूनिटी सिस्टम कमजोर हो यह बीमारी कोरोना संक्रमित मरीज तथा एचआईवी एड्स जैसे पेशंट में भी पाई जाती है वहीं यदि लक्षणों की बात की जाए तो मुँह की हड्डियों में दर्द रहता है , दांतों में दर्द रहता है, नाक से काला पदार्थ निकलता है, नजरों में भी कमजोरी आने लगती है तथा कई लोग तो कोमा तक में भी चले जाते हैं । उन्होंने कहा कि इससे पहले कोई भी प्रदेश में ब्लैक फंगस का मामला सामने नहीं आया है यह माना जा रहा है कि पहला ही मामला सामने आया है जो कि मंडी नेरचौक मेडिकल कॉलेज अस्पताल से शिमला रेफर किया गया है हालांकि हर बीमारी का इलाज है लेकिन अभी मरीज की स्वास्थ्य जांच के बाद ही फैसला लिया जाएगा कि इलाज किया जाए। उन्होंने कहा कि हर बीमारी का इलाज संभव है ।

News Archives

Latest News