DNN कंडाघाट
लगभग 18 साल पहले विश्व मे सारस नामक वायरस से ऐसा की खतरा बना था जैसा आज कोविड-19 से बना है। कोविड-19 महामारी ना फैले उसके तहत पूरा भारत बंद है और इसी के रहते हुए आजकल हिमाचल में लॉक डाउन की स्थिति बनी हुई है अभी स्कूल बंद है केवल बच्चे घर से ऑनलाइन पढ़ाई कर रहे है। सभी पाठ्यक्रम ऑनलाइन पढ़ाई के माध्यम से पूरे किए जा रहे है और सभी प्रतियोगिताओ का आयोजन भी डिजिटल माध्यम से किया जा रहा है। इसी कड़ी में दिल्ली वर्ल्ड पब्लिक स्कूल कंडाघाट के विद्यार्थियों ने ऑनलाइन विश्व पर्यावरण दिवस मनाया । इस दिवस को मनाने के लिए विद्यालय के ओर से विभिन्न ऑनलाइन गतिविधियों व प्रतियोगिताओ का आयोजन किया गया जिसके तहत नारा लेखन , कट ओर पेस्ट, बेस्ट आउट ऑफ वेस्ट गतिविधि घर पर रहकर पौधा रोपण गितिविधि का आयोजन किया गया।
स्कूल द्वारा आयोजित नारा लेखन प्रतियोगिता में प्रियांश कुमार कक्षा सातवी ने पहला स्थान, रियांश भारद्वाज कक्षा छटवीं ने दूसरा स्थान व तीसरा स्थान स्वरित शर्मा छठवी कक्षा ने प्राप्त किया। जबकि कट ओर पेस्ट प्रतियोगिता में कक्षा पहली के हर्षित वर्मा ने पहला स्थान, दूसरे स्थान पर रीदम राणा कक्षा पहली कक्षा व तीसरे स्थान पर युगन शर्मा दूसरी कक्षा ने प्राप्त किया। स्कूल प्रिंसिपल ने प्रतियोगिताओ में भाग लेने वाले बच्चो बधाई दी व आगे भी इस तरह से भाग लेने का आग्रह किया।
क्या कहना है प्रिंसिपल का…
स्कूल प्रधानाचार्य रीना पांटा ने कहा कि प्रदूषण से बचने के लिए अधिक से अधिक पौधे लगाने की जरूरत है। वर्तमान समय मे पर्यावरण की उचित देख रेख ना होने से पर्यावरण में प्रतिकूल प्रभाव देखने को मिल रहे है। पिछले कुछ समय से हुई तब्दीलियां असमय वर्षा, बाढ़, भूकम्प एवम अधिक गर्मी इसका प्रभाव है अतः प्रत्येक नागरिक को अधिक से अधिक पौधे लगाने चाहिए इसी कड़ी को मजबूत बनाते हुए दिल्ली वर्ल्ड पब्लिक स्कूल के छात्रों ने घर पर रहते हुए लॉक डाउन के समय मे एक एक पौधे का रोपण किया व शपथ ली कि वे इस पौधे का पूर्ण रूप से सरक्षण करेगे। सभी बच्चो ने अपने घरों के आसपास लगे पौधों के सरक्षंण व जन्मदिन में उपहार के रूप में पौधों को देने और लगाने की शपथ ली।
क्या कहना है चेयरमेन का…
स्कूल के चेयरमैन बलवान शौकीन ने भी पर्यावरण दिवस को लेकर कहा कि भौतिक सुख की खोज में आधुनिकता की दौड़ का लक्ष्य कही दुनिया के विनाश का कारण ना बन जाये इसी के चितन मनन ओर मंथन का दिन है विश्व पर्यावरण दिवस ओर हमारा लक्ष्य है पर्यावरण से दूर होती हुई पीढ़ी को प्रकृति के करीब लाना। सब कुछ हमे, इस धरती व प्रकृति ने दिया है। पर्यावरण की गोद मे बैठकर धरती व पर्यावरण की चिंता करे क्योंकि ओद्योगिकरण की दौड़ में मानव जाति मशीन बनती जा रही है। जिंदा रहने की जरूरतों को पूरा करने में हम निर्जीव ना हो जाए लिहाजा संकट बहुत बड़ा है। समस्या की जड़ हम है और समाधान भी फिर क्यों ना हम सब मिलकर एक आवाज उठाएं आओ पर्यावरण को बचाएं, आओ पौधे लगाए। उन्होंने बताया कि विश्व पर्यावरण दिवस के उपलक्ष्य पर स्कूल परिसर में एक हजार पोधो का रोपण किया गया।















