DNN चंबा
हिमाचल प्रदेश को नशीले पदार्थों से मुक्त करने को लेकर राज्य सरकार द्वारा शुरू किए गए अभियान के तहत राज्य में ‘ड्रग फ्री हिमाचल’ ऐप तैयार की गई है। कोई भी व्यक्ति इस ऐप को डाउनलोड करके ड्रग्स अथवा अन्य नशीले पदार्थों को लेकर अपनी सूचना पुलिस तक पहुंचा सकता है। ऐप की खास बात यह है कि सूचना देने वाले व्यक्ति की पहचान भी गोपनीय रहेगी।
उपायुक्त विवेक भाटिया ने आज मंडे मीटिंग की अध्यक्षता करते हुए कहा कि लोग इसके अलावा अब 100 नंबर के बजाय ‘112 इंडिया’ नामक ऐप भी डाउनलोड करके पुलिस तक अपनी बात पहुंचा सकते हैं।इस ऐप को केंद्रीय गृह मंत्रालय द्वारा तैयार किया गया है। उपायुक्त ने कहा कि जिले में विशेष तौर से शिक्षण संस्थानों के आसपास यदि कोई इस तरह के असामाजिक तत्व हों तो उनकी सूचना इस ऐप के माध्यम से पुलिस तक पहुंचाई जा सकती है ताकि उन पर कड़ी कार्रवाई अमल में लाई जा सके। बैठक के दौरान उपायुक्त ने कहा कि मुख्यमंत्री आदर्श गांव योजना के तहत चंबा जिला में चयनित 10 गांव को 10-10 लाख रुपए की राशि प्राप्त होगी। उन्होंने बताया कि इस स्वीकृत राशि में मनरेगा कन्वर्जेंस इत्यादि जोड़कर इन गांवों के कायाकल्प को लेकर एक वृहद कार्ययोजना बनाई जाएगी। इसमें जिले के प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र से 2-2 गांव शामिल हैं ।
उपायुक्त ने नेशनल हाईवे आथॉरिटी के अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि चंबा- पठानकोट राष्ट्रीय उच्च मार्ग पर तीखे मोड़ों पर रिफ्लेक्टर स्थापित किए जाएं ताकि दोनों तरफ से आने वाले वाहन चालकों को दिक्कतों का सामना ना करना पड़े। उन्होंने सड़कों पर चिन्हित किए गए ब्लैक स्पॉटों पर भी चेतावनी बोर्ड लगाने के लिए कहा ताकि वाहन चालक ऐसी जगह पर वाहन चलाते समय सावधान रहें।
पुलिस अधीक्षक आवास के समीप पर विकसित होने वाली पार्किंग के मुद्दे पर उपायुक्त ने लोक निर्माण विभाग को कहा कि इस पार्किंग का निर्माण चरणबद्ध तरीके से जल्द शुरू किया जाए । उन्होंने कहा कि पहले चरण में विभाग करीब 60- 70 वाहनों की पार्किंग को लेकर अपनी कार्य योजना बनाए और उसी के अनुरूप पार्किंग निर्माण के काम को अमलीजामा पहनाया जाएगा। लोक निर्माण विभाग को शहरी विकास विभाग द्वारा फंड ट्रांसफर कर दिए गए हैं। अब लोक निर्माण विभाग अगली औपचारिकताओं को समयबद्ध तरीके से पूरा करना सुनिश्चित बनाए।
प्लास्टिक कचरा प्रबंधन को लेकर विवेक भाटिया ने कहा कि प्रदेश को प्लास्टिक कचरे से मुक्त करना राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है । उन्होंने कहा कि शहरी निकाय सिंगल यूज़ प्लास्टिक को घरों से भी एकत्रित करें ।















