DNN कुल्लू
18 दिसम्बर। जिला विकास समन्वयन एवं अनुश्रवण समिति की बैठक सांसद एवं अध्यक्ष रामस्वरूप शर्मा की अध्यक्षता में वीडियो कान्र्फेंसिंग के माध्यम से आयोजित की गई। बंजार के विधायक सुरेन्द्र सिंह शौरी, जिला परिषद सदस्य धनेश्वरी ठाकुर सहित अन्य लोग इस बैठक से विभिन्न स्थानों से वर्चुअली जुड़े।
सांसद रामस्वरूप शर्मा ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने अनेकों विकास और जन कल्याण की योजनाएं लागू की हैं जो गांव के जन-जन तक पहंुच रही हैं। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि इन सभी केन्द्रीय योजनाओं के शत-प्रतिशत लक्ष्यों को हासिल किया जाना आवश्यक है ताकि पात्र व्यक्तियों को समयबद्ध लाभ प्राप्त हो सके। उन्होंने कहा कि कोविड-19 के चलते कुछ योजनाओं के निर्माण में विलंब अवश्य हुआ है, लेकिन अब इसकी पूर्ति के लिए दोगुणी रफ्तार के साथ कार्य करने की जरूरत है।
मनरेगा की प्रगति की समीक्षा करते हुए सांसद ने कहा कि कुल्लू जिला में कुल 93863 जाॅब कार्डधारक हैं, जिनमें से 41,505 परिवारों को रोजगार प्रदान कर 14.45 लाख कार्य दिवस अर्जित किए गए हैं। 11457 लोगों ने 100 दिनों का रोजगार अर्जित किया है। मजदूरी पर कुल 2790 लाख रुपये व्यय किए गए हैं। आगामी मार्च तक 18 लाख कार्य दिउवस अर्जित करने का लक्ष्य है। प्रधानमंत्री आवास योजना की समीक्षा करते हुए उन्होंने कहा कि जिला में चालू वित्त वर्ष के लिए 132 आवासों का लक्ष्य है जिनमें से 105 स्वीकृत करके 60 लाख की राशि आवंटित की गई है। राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन की समीक्षा करते हुए अवगत करवाया गया कि जिला में 284 स्वयं सहायता समूहों का गठन करके 77 समूहों को 107 लाख रुपये के ऋण प्रदान किए गए हैं।
प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना में जिला को प्राप्त हुए 39.24 करोड़
प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना की उपलब्धियों पर जानकारी दी गई कि विभिन्न परियोजनाओं के लिए आज तक कुल 39.24 करोड़ की धनराशि विभिन्न पांच बैचो में जिला को आ चुकी है। इस राशि में से 28 करोड़ व्यय करके 74123 हैक्टेयर भूमि को सिंचाई सुविधा प्रदान की गई है। सांसद ने कहा कि 11 करोड़ से अधिक की धनराशि खर्च करने को है और अधिकारियों को इसके लिए अतिरिक्त प्रयास करने होंगे। उन्होंने कहा कि यह महत्वपूर्ण घटक है और इसमें लक्ष्यों को हर हालत में हासिल किया जाना चाहिए।
रामस्वरूप शर्मा ने कहा कि स्वच्छ भारत मिशन प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का महत्वाकांक्षी कार्यक्रम है और इसका क्रियान्वयन पूरी तत्परता के साथ किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि शहरों व पंचायतों में ठोस कचरा अवशिष्ट प्लांट स्थापित किये जाने की बड़ी जरूरत है और इसके लिए जिला प्रशासन व पंचायतों को प्रयास करने चाहिए। इस पर उपायुक्त डाॅ. ऋचा वर्मा ने अवगत करवाया कि मनाली के रांगड़ी में वेस्ट-टू-एनर्जी प्लांट की स्थापना की गई है। लोगों को इसमें कचरा देने के लिए कम से कम चार्जिज देने चाहिए। उन्होंने कहा कि भुंतर के पीरढ़ी स्थान पर कूड़ा एकत्र किया जा रहा था लेकिन एनजीटी ने इसपर आप्पति जताई। उन्होंने कहा कि कसोल में दो बीघा जगह का चयन किया गया है और इसकी एफसीए क्लीयरेंस जैसे की प्राप्त होती है, प्लांट की स्थापना की जाएगी। उन्होेंने कहा कि अनेक जगहों पर प्लांट स्थापित करने के लिए जगह का चयन किया गया, लेकिन पंचायतों की आप्पति आ जाती है जिससे इस कार्य को करने में कठिनाई आ रही है। इसके बावजूद शहर के कूड़े का सही निष्पादन सुनिश्चित किया जा रहा है।















