DNN शिमला
चंबा बजोली होली जल विद्युत परियोजना के तहत जीएमआर एंव गैमन इंजीनियरस द्वारा कामगारों की गैरकानूनी तरीके से छंटनी, उनके न्यूनतम वेतन की बकाया राशि और पीएफ भुगतान न होने के लेकर इंटक ने उग्र आंदोलन की चेतावनी दी है। इंटक के प्रदेश अध्यक्ष बबलू पंडित ने कहा कि आम वर्ग और मजदूर हितैषी होने का दावा करने वाली भाजपा की नाक तले कामगारों का शोषण हो रहा है और सरकार तमाशबीन बनी हुई है। सरकारी तंत्र और प्रशासन कंपनी के दबाब में मजदूरों को न्याय दिलाने से हाथ खींच रहा है। जबकि अभी तक मजदूरों को सितंबर-अक्तूबर का भुगतान नहीं किया गया जिसके चलते कामगारों को दो वक्त की रोटी के लाले पड़े हैं। बबलू पंडित ने कहा कि गैमन में कार्यरत सुरक्षा कर्मियों का वेतन व भत्ते भी नियमानुसार नहीं दिए जा रहे। बबलू पंडित ने कहा कि उक्त दोनों कंपनियों गैरकानूनी तरीके से कामगारों की छटनी कर उन्हें बाहर का रास्ता दिखा रही है। जबकि बैकडोर से अन्य लोगों को काम पर रखकर काम चलाया जा रहा है जिसे इंटक बर्दाश्त नहीं करेगी। पंडित ने कहा कि अगर सरकार व जिला प्रशासन ने तुरंत इस मामले पर कोई एक्शन नहीं लिया तो इंटक को मजबूरन आंदोलन पर उतरना पड़ेगा जिसकी जिम्मेवारी प्रशासन और सरकार की होगी। बबलू पंडित ने साफ चेतावनी दी कि जहां जहां मजदूरों का पसीना बहेगा और उस पसीने का हक अदा नहीं किया जाएगा वहां वहां इंटक अपना खून बहाने से भी गुरेज नहीं करेगी। इंटक प्रदेशाध्यक्ष ने जिला प्रशासन चंबा व प्रदेश सरकार को चेतावनी दी है कि जल्द बजोली होली जल विद्युत योजना में कार्यरत कामगारों को उनका हक और इंसाफ दिलाया जाए नहीं तो फिर सरकार और प्रशासन उग्र आंदोलन का सामना करने को तैयार रहे।















